Jaiharikhal News: जयहरीखाल में कर्मचारियों का प्रदर्शन, जानिये क्या है उनकी मांग

डीएन ब्यूरो

जयहरीखाल में कर्मचारियों ने जोरदार प्रदर्शन किया है। उनकी कई मांगे है। जानने के लिए पढ़िये डाइनामाइट न्यूज़ की पूरी रिपोर्ट

एकीकृत पेंशन योजना के विरोध में पर्वतीय इलाकों में शिक्षकों-कर्मचारियों का प्रदर्शन
एकीकृत पेंशन योजना के विरोध में पर्वतीय इलाकों में शिक्षकों-कर्मचारियों का प्रदर्शन


जयहरीखाल: पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर एकीकृत पेंशन योजना  के खिलाफ प्रदर्शन जारी है। जहां इसी कड़ी में एकेश्वर, जयहरीखाल, दुगड्डा, रिखणीखाल, द्वारीखाल और यमकेश्वर विकास खंडों के विभिन्न सरकारी विभागों- प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयों, वन विभाग, लोक निर्माण विभाग और सिंचाई विभाग के कर्मचारियों ने सरकार की नई योजना के खिलाफ काला दिवस मनाया।

डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, शिक्षकों ने शैक्षणिक सत्र के पहले दिन स्कूलों में काली पट्टी बांधकर विरोध जताया और शिक्षण कार्य किया। जिला पुरानी पेंशन बहाली आंदोलन के अध्यक्ष अनूप जदली ने सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि सरकार एनपीएस  में बदलाव कर कर्मचारियों को यूपीएस का झूठा लालच दे रही है, जो उनके साथ अन्याय है।

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आंदोलन संयोजक डॉ. महावीर बिष्ट ने कहा कि जनप्रतिनिधि एक दिन के लिए भी सांसद और विधायक बनकर पुरानी पेंशन का लाभ ले लेते हैं, लेकिन कर्मचारी 30-35 साल की सेवा के बाद भी बिना पेंशन के सेवानिवृत्त होने को मजबूर हैं। उन्होंने सरकार से मांग की कि कर्मचारियों की सामाजिक सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुरानी पेंशन योजना को जल्द बहाल किया जाए।

आंदोलन संरक्षक मनमोहन चौहान ने भी चिंता जताते हुए कहा कि बुजुर्ग कर्मचारियों के लिए पेंशन ही एकमात्र सहारा है। महंगाई के इस दौर में पेंशन के बिना जीवन यापन करना मुश्किल है। प्रदर्शनकारियों ने अपने-अपने कार्यस्थलों पर नारेबाजी की और सरकार से पुरानी पेंशन जल्द बहाल करने की मांग की। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा।

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