गोरखपुर: गैर इरादतन हत्या के दोषियों को सुनाई गई 10-10 साल की सजा, लगाया गया जुर्माना
यूपी के गोरखपुर में गैर इरादतन हत्या के दोषियों को 10-10 साल की सजा सुनाई गई है। पढ़िये डाइनामाइट न्यूज की ये रिपोर्ट।

गोरखपुर: जनपद में साल 2013 में हुई एक गैर इरादतन हत्या के मामले में कोतवाली थाने की पुलिस की मेहनत रंग लाई है। इस मामले में दो अभियुक्तों को 10-10 साल की सजा और 15-15 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई गई है।
यह भी पढ़ें |
Gorakhpur: धोखाधड़ी के मामले में अभियुक्त को 19 साल बाद मिली सजा, 5 साल की हुई कैद
डाइनामाइट न्यूज संवाददाता के मुताबिक, कोतवाली थाने में 2013 में दर्ज मुकदमे में घुटरू उर्फ हेमंत और विधाता नामक दो लोगों पर हत्या का आरोप लगा था। पुलिस ने इस मामले की गहनता से जांच की और पर्याप्त सबूत जुटाए। पुलिस महानिदेशक, उत्तर प्रदेश द्वारा चलाए जा रहे "ऑपरेशन कनविक्शन" अभियान के तहत, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद गोरखपुर के निर्देशन में थाना कोतवाली प्रभारी निरीक्षक छत्रपाल सिंह, थाने के पैरोकार व मॉनिटरिंग सेल की प्रभावी पैरवी के फलस्वरूप न्यायालय अपर जिला एंव सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश जनपद गोरखपुर द्वारा दोनों अभियुक्तों को दोषी करार दिया गया।
यह भी पढ़ें |
Gorakhpur: संपत्ति हड़पने के लिये भाई की हत्या कर शव फेंकने वाला आरोपी गिरफ्तार
दोनों अभियुक्तों को 10-10 साल की सश्रम कारावास और 15-15 हजार रुपये के अर्थदण्ड से दंडित किया गया। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक छत्रपाल सिंह, थाने के पैरोकार व मॉनिटरिंग सेल की प्रभावी पैरवी के कारण यह सफलता मिली। इस मामले के अनावरण में ADGC श्रद्धानन्द पाण्डेय, ADGC रवीन्द्र सिंह का अहम योगदान रहा।